
सोशल मीडिया टिप्पणी को लेकर मौदहा में बढ़ा विवाद, विश्व हिंदू परिषद ने एसडीएम को सौंपा ज्ञापन
रईस उदीन ब्यूरो चीफ़ हमीरपुर
हमीरपुर जनपद के भरुआ सुमेरपुर में बीते दिनों हुए बवाल से जुड़े एक मामले में अब मौदहा क्षेत्र में भी तनाव का माहौल बनता दिखाई दे रहा है। मौदहा कोतवाली क्षेत्र के सिंचौलीपुरवा निवासी एक मुस्लिम युवक द्वारा सोशल मीडिया पर की गई कथित आपत्तिजनक टिप्पणी को लेकर विश्व हिंदू परिषद की मौदहा इकाई ने कड़ा विरोध दर्ज कराया है। संगठन ने उपजिलाधिकारी करनवीर सिंह को ज्ञापन सौंपते हुए आरोपी युवक के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। विश्व हिंदू परिषद द्वारा दिए गए ज्ञापन में आरोप लगाया गया है कि भरुआ सुमेरपुर क्षेत्र में एक हिंदू युवती को मुस्लिम युवक द्वारा कथित रूप से बहला-फुसलाकर प्रभावित किया गया, जिसे परिषद ने “लव जिहाद” से जोड़ते हुए गंभीर मामला बताया है। संगठन का कहना है कि हिंदू समाज के विरोध के बावजूद आरोपी युवक खुलेआम धमकी देता घूम रहा है, जिससे क्षेत्र में आक्रोश का माहौल बन रहा है।परिषद के पदाधिकारियों का आरोप है कि आरोपी युवक और उसके कुछ सहयोगी सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म के माध्यम से हिंदू संगठनों के खिलाफ आपत्तिजनक टिप्पणी कर रहे हैं और उन्हें आतंकवादी बताकर समाज में वैमनस्य फैलाने का प्रयास कर रहे हैं। संगठन का कहना है कि इस तरह की टिप्पणियां समाज की एकता और शांति के लिए खतरा हैं।ज्ञापन में यह भी आरोप लगाया गया कि संबंधित युवक पहले भी हिंदू समाज के खिलाफ अभद्र और आपत्तिजनक टिप्पणी कर चुका है, लेकिन इसके बावजूद अब तक संबंधित थाना और अन्य विभागों द्वारा कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई है। इससे हिंदू समाज में रोष व्याप्त है और लोगों में कानून-व्यवस्था को लेकर असंतोष बढ़ रहा है।विश्व हिंदू परिषद ने प्रशासन से मांग की है कि आरोपी युवक के खिलाफ गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज कर उसे तत्काल जेल भेजा जाए। साथ ही उसके मोबाइल नंबरों और सोशल मीडिया अकाउंट्स की गहन जांच कराई जाए, ताकि यह पता लगाया जा सके कि वह किन लोगों के संपर्क में है और किस उद्देश्य से इस प्रकार की पोस्ट साझा कर रहा है।इसके अलावा परिषद ने यह भी मांग की है कि आरोपी द्वारा सरकारी संस्थानों में बिना किसी कार्य के हस्तक्षेप करने और अनावश्यक गतिविधियों पर रोक लगाई जाए, जिससे भविष्य में किसी प्रकार की अशांति उत्पन्न न हो।ज्ञापन सौंपने के दौरान विश्व हिंदू परिषद और बजरंग दल के पदाधिकारी मौजूद रहे। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि प्रशासन द्वारा शीघ्र और प्रभावी कार्रवाई नहीं की गई, तो संगठन अन्य हिंदू संगठनों के साथ मिलकर आंदोलन करने के लिए बाध्य होगा, जिसकी जिम्मेदारी प्रशासन की होगी।मामले को लेकर उपजिलाधिकारी करनवीर सिंह ने ज्ञापन को संज्ञान में लेते हुए निष्पक्ष जांच कर तत्काल आवश्यक कार्रवाई का आश्वासन दिया। उन्होंने कहा कि कानून व्यवस्था से कोई खिलवाड़ नहीं होने दिया जाएगा और भरुआ सुमेरपुर जैसी स्थिति मौदहा क्षेत्र में उत्पन्न नहीं होने दी जाएगी।फिलहाल प्रशासन द्वारा मामले की जांच की बात कही जा रही है, वहीं स्थानीय लोगों की नजरें अब आगे होने वाली कार्रवाई पर टिकी हुई हैं।

