
सरकारी अस्पताल में संवेदनहीनता की इंतहा मेडिकल परीक्षण में हीलाहवाली, कड़ाके की ठंड में तड़पते रहे पीड़ित
रईस उद्दीन ब्यूरो चीफ़
हमीरपुर जनपद के मौदहा कस्बे के सरकारी अस्पताल में तैनात चिकित्सकों की लापरवाही एक बार फिर सवालों के घेरे में है। पुलिस द्वारा भेजे गए पीड़ितों का समय से मेडिकल परीक्षण न किए जाने के कारण उन्हें भीषण ठंड में घंटों इंतजार करना पड़ रहा है, जिससे मानवता और सरकारी स्वास्थ्य व्यवस्था दोनों पर गंभीर प्रश्न खड़े हो गए हैं।मौदहा कोतवाली क्षेत्र में स्थित एकमात्र सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) से मौदहा, सिसोलर, बिंवार समेत आसपास के कई थानों की मेडिकल ज़िम्मेदारी जुड़ी हुई है। लेकिन यहां ड्यूटी पर तैनात कुछ चिकित्सक मेडिकल परीक्षण को लेकर गंभीर नहीं दिखाई दे रहे हैं। पीड़ितों का आरोप है कि उन्हें जानबूझकर घंटों बैठाया जाता है और कई बार तो चिकित्सक मेडिकल करने से साफ इनकार कर देते हैं।बुधवार शाम का मामला बना चर्चा का विषयबुधवार की शाम एक ऐसा ही मामला सामने आया, जब ड्यूटी पर तैनात चिकित्सक डा. दीपिका पाल ने घंटों इंतजार कराने के बाद एक पीड़िता का मेडिकल परीक्षण करने

